चलती ट्रेन में मुसलमानों पर हमले से दुखी बरखा ने लिखा: यदि मैं मुस्लिम होती तो…

उतर प्रदेश के फरुखाबाद में चलती ट्रैन में एक मुस्लिम परिवार से की गई लूट-पाट पर मशहूर महिला पत्रकार बरखा दत्त ने चिंता जताई है और उन्होंने अपने एक पुराने पोस्ट को ट्विटर पर एक बार फिर शेयर किया है! इस लेख का शीर्षक था “अगर मै मुस्लिम होती।। बरखा दत्त ने इस लेख के जरिये हिंदुस्तान में मुस्लिमो को स्थिति को बताया है, हलाकि जब उन्होंने पहली बार इस लेख को ट्विटर पर पोस्ट किया था तब कुछ लोगो ने सराहना की थी तो वही दूसरी तरफ बहुत से लोगो ने बरखा की जमकर आलोचना भी की थी!

बरखा दत्त ने इस लेख के जरिये बताया है की अगर मै मुस्लिम होती तो मेरी आवाज सिर्फ इसलिए सुनी जाती क्युकी मै एक वोट बैंक हूँ! देश की राजनीती और साथ हथियाने के लिए मेरी वोट की जरूरत है! इस लेख में बरखा ने फरीबाद ट्रैन हादसे का जिक्र करते हुए लिखा की यदि मैं मुस्लिम होती तो खून से सने जुनैद के चेहरे को देखकर ईद कैसे मनाती? बरखा आगे लिखती है कि पहलु खान को देखकर खुद को क्या जबाब देती! बरखा आगे लिखती हैं कि यदि मैं मुस्लिम होती तो मुझे ये सोचकर कैसा महसूस होता कि भारत के राष्ट्रपति द्वारा आयोजित इफ़्तार पार्टी में कोई केन्द्रीय मंत्री नहीं पहुंचा!

बरखा दत्त को शायद यह मालूम नहीं है की इस देश में मुस्लिम के अलावे भी कई धर्म के लोग रहते है लेकिन बरखा ने कभी भी उनकी आवाज बनने की कोशिश नहीं की! बरखा ने कभी भी बंगाल में हिन्दुओं पर हो रहे अत्याचार के बारे में नहि लिखा, क्या बरखा ने कभि कोई टीवी रिपोर्ट तैयार किया जिसमे उन्होंने मुस्लिमो द्वारा किया जा रहा जुल्म के बारे में दिखाया हो!

बरखा दत्त के इस पोस्ट की ट्विटर पर खूब आलोचना हो रही है, लोगो ने बरखा दत्त को इस एक तरफ़ा पत्रकारिता के लिए जमकर क्लास लगाया! लोगो ने उनपर सिर्फ मुसलमानों के हितों का ख्याल रखने का आरोप लगाया है! निचे देखिये बरखा दत्त का वो पोस्ट जिसके बात ट्विटर पर लोगो का गुस्सा भड़क उठा और बरखा को खरी खरी सुना डाली!

अगले पेज पर देखे, बरखा दत्त के इस ट्वीट के बाद लोगो ने उन्हें आड़े हाथो लिया और दिए ऐसे जबाब…