राम जेठमालानी का राम मंदिर और हिंदुत्व पर विचार सुनिए, कभी-कभी ये भी सही बोलते है..

नई दिल्ली: देश के मशहूर वकीलों में से एक राम जेठमलानी का जन्म 14 सितम्बर 1923 को सिंध प्रान्त में हुआ था, जो अब पाकिस्तान का हिस्सा है! जेठमलानी बचपन से ही पढ़ने में काफी तेज थे और उन्होंने 21 वर्ष के आयु में ही लॉ की डिग्री हासिल कर ली थी! उन्होंने अपनी वकालत पकिस्तान में शुरू की थी, लेकिन पकिस्तान के कराची में जब 1948 में दंगे भड़के तो उन्होंने पाकिस्तान छोड़ने का निर्णय लिया और अपने दोस्त के साथ भारत आ गए! फिर 1948 से लेकर अब तक भारत में वकालत कर रहे है!

जेठमलानी 1959 में भारत के मुख्य नयाधिश के तौर पर नयुक्त किये गए! जेठमलानी का विवादों से भी खूब नाता रहा है! खबरों के मुताबिक 1960 में उन्होंने तस्करो के बचाव करने के लिए केस लड़ा और विवादों में घिर गए, जिसके बाद उन्होंने सफाई दी की उन्होंने वकील होने के नाते सिर्फ अपना फर्ज अदा किया है!

राम जेठमलानी कांग्रेस की और से चुनाव लड़कर सांसद भी बने! वो राजयसभा सांसद भी रह चुके है और अटल बिहारी बाजपाई सरकार में मंत्री भी बन चुके है! फिर 2004 में राम जेठमलानी ने लखनऊ से पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी बाजपाई के खिलाफ चुनाव लड़ा और हार गए! रामजेठमलानी अपनी वयानो के वजह से भी सुर्खियों में रहते है और अपनी हरकतों के वजह से भी! देखिये एक ऐसा ही वीडियो!

राम जेठमलानी ने सलमान से लेकर अम्बानी तक के केस लडे है, और कहा जाता है की वो देश के सबसे महंगे वकीलों में से एक है, वो फ़ीस के तौर पर बहुत बड़ी रकम लेते है!

राम जेठ मलानी की गिनती हमेशा से सबसे महंगे वकीलों में होती रही है, लेकिन राम जेठ मालानी का इंडिया टीवी के कार्यक्रम आप की अदालत में राम मंदिर और हिंदुत्व पर कही गयी ये बाते सात प्रतिशत सही है, उन्होंने कांग्रेस को जिमेवार ठहराते हुए कहा की कांग्रेस ने देश की जनता को हिन्दू मुस्लिम में अपने फायदे के लिए बाँट रखा है! उन्होंने आगे कहा की अगर मेरे ऊपर राम मंदिर का मुद्दा छोड़ दिया जाता तो मै मुस्लिमो को ऐसा समझाता की वो खुद मंदिर बनाने के लिए इट रख रहे होते!

देखिये राम जेठमलानी का ये वीडियो